नीट-यूजी 2026 की पुन: परीक्षा अब 21 जून को होगी। प्रश्न पत्रों की सुरक्षा के लिए पहली बार भारतीय वायु सेना और डाक विभाग को जिम्मेदारी दी गई है।
नई दिल्ली: नीट-यूजी (NEET-UG) की 21 जून को प्रस्तावित दोबारा परीक्षा के प्रश्न पत्रों को परीक्षा केंद्रों तक सुरक्षित पहुंचाने के लिए इस बार किसी निजी एजेंसी की मदद नहीं ली जाएगी। इसकी जगह भारतीय वायु सेना (IAF) और डाक विभाग (India Post) संयुक्त रूप से सुरक्षा व्यवस्था संभालेंगे।
यह कदम पिछले साल हुए पेपर लीक कांड के बाद उठाया गया है, जिसमें लाखों छात्र प्रभावित हुए थे। सरकार अब हर स्तर पर सुरक्षा चाक-चौबंद कर रही है, ताकि परीक्षा की विश्वसनीयता बहाल हो सके।
✈️ वायु सेना से लेकर पोस्ट ऑफिस तक – कैसे काम करेगा प्लान?
(वायु सेना के विमानों से)
(डाक विभाग की डिलीवरी)
(वैश्विक स्तर पर सुरक्षा)
सरकारी सूत्रों के अनुसार, प्रश्न पत्रों को पहले भारतीय वायु सेना के विमानों से देश के 18 रीजनल सेंटरों तक पहुंचाया जाएगा। इसके बाद, डाक विभाग की विशेष टीमें त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरे में इन पेपरों को रीजनल सेंटरों से परीक्षा केंद्रों तक ले जाएंगी। हर कदम पर केंद्रीय सुरक्षा बल, स्थानीय पुलिस, एनटीए अधिकारी और जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे।
🔐 त्रिस्तरीय सुरक्षा – पेपर लीक की आशंना पर पूरी तरह रोक
इसके अलावा, हर रीजनल सेंटर पर 24×7 सीसीटीवी कवरेज और आर्म्ड फोर्सेस का तैनाती रहेगी। प्रश्न पत्रों को खोलने से पहले केंद्र अधीक्षक को वेरिफिकेशन करना होगा, और कोड जारी करने के लिए केंद्र से ही सीलबंद डिजिटल सिग्नल मिलेगा।
📌 छात्रों के लिए अहम सूचनाएं
- परीक्षा केंद्र पर मोबाइल, स्मार्टवॉच या कोई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस ले जाना प्रतिबंधित रहेगा।
- केंद्र में प्रवेश से पहले मेटल डिटेक्टर और बैग चेकिंग अनिवार्य है।
- किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-111-459 उपलब्ध रहेगा।
सरकार के इस कदम से छात्रों में विश्वास बढ़ा है। कई अभ्यर्थियों ने उम्मीद जताई है कि इस बार परीक्षा पूरी तरह से पारदर्शी और सुरक्षित होगी। वहीं, विपक्ष ने मांग की है कि भविष्य में इसी तरह की व्यवस्था सभी राष्ट्रीय परीक्षाओं के लिए लागू की जाए।
प्राइम भारत न्यूज़ इस मामले पर लगातार नज़र बनाए हुए है। परीक्षा से जुड़ी हर ताजा जानकारी के लिए हमारे साथ बने रहें।
