कादेड़ा ग्राम पंचायत में मिलीं गंभीर अनियमितताएं, विकास अधिकारी ने दिए 2 दिन में सफाई के निर्देश

जनसुनवाई के दौरान खुली व्यवस्थाओं की पोल, सफाई कार्यों की जांच के लिए समिति गठन की तैयारी
कादेड़ा, 4 जून। पंचायत समिति केकड़ी क्षेत्र की ग्राम पंचायत कादेड़ा में प्रशासनिक निरीक्षण के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद पंचायत प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। जनसुनवाई कार्यक्रम के दौरान पंचायत समिति केकड़ी की विकास अधिकारी दिशा शर्मा ने ग्राम पंचायत क्षेत्र का निरीक्षण किया, जिसमें साफ-सफाई और मूलभूत सुविधाओं की स्थिति बेहद चिंताजनक पाई गई।
निरीक्षण के दौरान सामने आया कि पंचायत क्षेत्र में लंबे समय से सड़कें और नालियां साफ नहीं की गई हैं। कई स्थानों पर गंदगी के ढेर जमा मिले, जबकि सार्वजनिक स्थलों पर कूड़ा-कचरा फैला हुआ पाया गया। इसके अलावा कई इलाकों में जलभराव की समस्या भी देखने को मिली, जिससे स्थानीय ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने जनसुनवाई के दौरान पंचायत क्षेत्र में सफाई व्यवस्था की बदहाल स्थिति को लेकर शिकायतें दर्ज कराईं। लोगों ने बताया कि नियमित सफाई नहीं होने के कारण नालियां जाम हो गई हैं और बरसात से पहले ही जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो रही है। इससे संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी बढ़ गया है।
स्थिति का जायजा लेने के बाद विकास अधिकारी दिशा शर्मा ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर पर सफाई और स्वच्छता से जुड़े कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने तत्काल प्रभाव से पूरे मामले की जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
इसके साथ ही पंचायत क्षेत्र में सफाई कार्यों पर हुए खर्च और विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति की समीक्षा के लिए जांच समिति गठित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। समिति यह जांच करेगी कि स्वच्छता कार्यों पर आवंटित धनराशि का उपयोग किस प्रकार किया गया और निर्धारित कार्य धरातल पर कितने प्रभावी ढंग से किए गए।
विकास अधिकारी ने ग्राम पंचायत प्रशासन को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आगामी दो दिनों के भीतर पूरे पंचायत क्षेत्र में विशेष सफाई अभियान चलाकर सड़क, नालियों और सार्वजनिक स्थलों की सफाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही किए गए कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट प्रशासन को प्रस्तुत करने के आदेश भी दिए गए हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय सीमा में आदेशों का पालन नहीं किया गया तो संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से ग्रामीणों में उम्मीद जगी है कि लंबे समय से चली आ रही समस्याओं का समाधान जल्द होगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि प्रशासन नियमित निगरानी बनाए रखे तो पंचायत क्षेत्र में स्वच्छता और विकास कार्यों की स्थिति में काफी सुधार हो सकता है। फिलहाल पूरे मामले पर प्रशासन की नजर बनी हुई है और आगामी दिनों में जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।