Monday, 24 August 2026 LIVE NEWS

TMC के 18 बागी सांसद: शत्रुघ्न सिन्हा-यूसुफ पठान का नाम शामिल, NDA में शामिल होने का संकेत

10 Jun 2026 · 12:43 PM ·

तृणमूल कांग्रेस (TMC) में बगावत की आग अब और तेज़ हो गई है। पश्चिम बंगाल की राजनीति में हलचल मचाने वाले बागी सांसदों की पूरी लिस्ट सामने आ गई है। इस लिस्ट में सबसे चौंकाने वाले नाम हैं – पूर्व केंद्रीय मंत्री शत्रुघ्न सिन्हा और पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान। दोनों नेताओं ने ममता बनर्जी से नाराज़गी के बाद बागी तेवर अपना लिए हैं।

⚡ ब्रेकिंग: TMC के 18 सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष को पत्र लिखकर एनडीए में शामिल होने की इच्छा जताई है। शत्रुघ्न सिन्हा और यूसुफ पठान के अलावा कई वरिष्ठ नेताओं के नाम भी शामिल हैं।

📜 बागी सांसदों की पूरी लिस्ट

🎭 शत्रुघ्न सिन्हा

बीजेपी छोड़कर TMC में आए थे, अब फिर से बागी। केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा है कि ‘पार्टी में अब कोई नैतिकता नहीं बची’।

🏏 यूसुफ पठान

पूर्व क्रिकेटर, जो 2024 के लोकसभा चुनाव में बहरामपुर से TMC टिकट पर चुनाव हार गए थे। पार्टी में अनदेखी से नाराज़ होकर उन्होंने सक्रिय राजनीति से दूरी बना ली है।

🗣️ सुखेंदु शेखर राय

राज्यसभा सांसद, जो पहले ही TMC और सदन की सदस्यता से इस्तीफा दे चुके हैं। बंगाल में अल्पसंख्यकों के मुद्दे पर ममता से मतभेद थे।

📊 काकोली घोष दस्तीदार

लोकसभा सांसद, जिन्होंने खुलकर विद्रोह कर दिया है। उन्होंने कहा कि “बंगाल में चुनाव परिणाम स्वीकार कर चुके हैं, अब भविष्य NDA के साथ है”।

📊 तथ्य: बागी सांसदों के इस गुट के पास दल-बदल कानून के तहत नया दल बनाने के लिए आवश्यक संख्या (2/3 बहुमत) है। इनकी संख्या 18 बताई जा रही है, जबकि TMC के कुल लोकसभा सांसद 28 हैं।

🤔 क्यों हुई बगावत? ममता पर भरोसा टूटा

सूत्रों के अनुसार, बागी सांसदों का आरोप है कि पार्टी में एक समूह का दबदबा बन गया है। उन्हें न तो संसद में बोलने का मौका मिल रहा है, न ही चुनावी रणनीति में शामिल किया जा रहा है। खासकर पिछले विधानसभा चुनाव में हार के बाद पार्टी में अंदरूनी कलह बढ़ गई है।

“हम 15 महीनों तक संसद में आखिरी बेंच पर बैठे रहे। प्रदर्शन के बदले हमें अनदेखा किया गया। अब हमारे पास NDA के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।”
बागी सांसदों के एक गुट का बयान

⚖️ आगे क्या संभावनाएं हैं?

  • एनडीए में शामिल होना: बागी सांसदों ने भाजपा के नेतृत्व वाले गठबंधन में जाने के संकेत दिए हैं। कुछ सांसद केंद्रीय मंत्रियों से मिल भी चुके हैं।
  • नया दल बनाना: दल-बदल कानून के तहत 2/3 सांसद होने पर नई पार्टी बनाई जा सकती है। बागियों के पास यह संख्या है।
  • इस्तीफा और उपचुनाव: सबसे कठोर विकल्प – सांसद इस्तीफा देकर दोबारा चुनाव लड़ें। हालांकि इसकी संभावना कम है।
🔍 क्या ममता संकट टाल पाएंगी? ममता बनर्जी फिलहाल दिल्ली में INDIA गठबंधन की बैठक में व्यस्त हैं। उनकी अनुपस्थिति में बागियों ने गुप्त बैठकें तेज कर दी हैं। अगले कुछ दिनों में बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम हो सकता है।

📌 अन्य बागी नेताओं के नाम

  • सौगत रॉय – लोकसभा सांसद, दमदम
  • नदीमुल हक – राज्यसभा सांसद
  • डॉ. काकोली घोष दस्तीदार – लोकसभा सांसद (विद्रोह का नेतृत्व कर रही हैं)
  • अपूर्व बनर्जी – पूर्व मंत्री, युवा TMC के संस्थापक
  • पूर्णेंदु बोस – वरिष्ठ नेता

प्राइम भारत न्यूज़ इस पूरे मामले पर पैनी नज़र बनाए हुए है। जैसे ही कोई बड़ा अपडेट आएगा, हम आपको सबसे पहले बताएंगे।